राजकोट में 'विराट' गाथा—कोहली ने ध्वस्त किया सचिन का एक और किला, पहली ही गेंद पर रचा इतिहास, 4 साल बाद फिर बने वनडे के 'किंग'
राजकोट, दिनांक: 14 जनवरी 2026 — भारतीय क्रिकेट के आधुनिक दंतकथा और 'रन मशीन' के नाम से मशहूर विराट कोहली (Virat Kohli) ने एक बार फिर इतिहास के पन्नों में अपना नाम सुनहरे अक्षरों से दर्ज करा लिया है। न्यूजीलैंड के खिलाफ खेली जा रही घरेलू वनडे सीरीज के दूसरे मुकाबले में 'किंग कोहली' ने वो कर दिखाया, जिसका इंतजार क्रिकेट प्रेमी बेसब्री से कर रहे थे। राजकोट के मैदान पर उतरते ही कोहली ने महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर (Sachin Tendulkar) के एक और बड़े कीर्तिमान को ध्वस्त कर दिया।
अब विराट कोहली वनडे इंटरनेशनल (ODI) इतिहास में न्यूजीलैंड के खिलाफ सबसे ज्यादा रन बनाने वाले भारतीय बल्लेबाज बन गए हैं। यह उपलब्धि उन्होंने पारी की पहली ही गेंद खेलने के साथ हासिल कर ली। इसके साथ ही, आईसीसी रैंकिंग में भी उन्होंने लंबी छलांग लगाते हुए दोबारा नंबर-1 का ताज पहन लिया है।
पहली गेंद पर चौका और रिकॉर्ड चकनाचूर
राजकोट वनडे में जब विराट कोहली बल्लेबाजी के लिए क्रीज पर आए, तो वे इतिहास रचने की दहलीज पर खड़े थे।
- समीकरण: सीरीज के पहले मैच में 93 रनों की शानदार पारी खेलने के बाद कोहली, सचिन तेंदुलकर के रिकॉर्ड (1750 रन) की बराबरी पर थे। उन्हें रिकॉर्ड तोड़ने के लिए महज 1 रन की दरकार थी।
- ऐतिहासिक क्षण: दूसरे वनडे में जैसे ही कोहली ने कीवी गेंदबाज की पहली गेंद का सामना किया और उसे सीमा रेखा के पार (चौका) भेजा, स्टेडियम तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। इस शॉट के साथ ही उन्होंने 'मास्टर ब्लास्टर' को पीछे छोड़ दिया और न्यूजीलैंड के खिलाफ भारत के सबसे सफल बल्लेबाज बन गए।
आंकड़ों का एवरेस्ट: रिकी पोंटिंग के करीब पहुंचे कोहली
न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे क्रिकेट में सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्लेबाजों की सूची में अब विराट कोहली का कद और बढ़ गया है। हालांकि, ओवरऑल रिकॉर्ड अभी भी ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग के नाम है, लेकिन भारतीय बल्लेबाजों में कोहली अब शीर्ष पर हैं।
न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे में सर्वाधिक रन (Top Batters):
- रिकी पोंटिंग (ऑस्ट्रेलिया): 51 मैच — 1791 रन
- विराट कोहली (भारत): 35 मैच — 1751+ रन (पारी जारी*)
- सचिन तेंदुलकर (भारत): 42 मैच — 1750 रन
- सनथ जयसूर्या (श्रीलंका): 47 मैच — 1519 रन
कोहली की महानता इस बात में है कि उन्होंने यह मुकाम सचिन से 7 मैच कम (35 मैच) खेलकर हासिल किया है, जो उनकी अविश्वसनीय निरंतरता (Consistency) और औसत को दर्शाता है।
93 रन की वो पारी, जिसने रखी नींव
इस रिकॉर्ड को तोड़ने की पटकथा सीरीज के पहले वनडे में ही लिख दी गई थी। उस मैच में कोहली अपने पुराने रंग में दिखे थे और उन्होंने 93 रनों की मैच जिताऊ पारी खेली थी। हालांकि वे शतक से चूक गए थे, लेकिन उस पारी ने भारत की जीत की नींव रखी और उन्हें सचिन के रिकॉर्ड के बिल्कुल करीब पहुंचा दिया था।
4 साल का वनवास खत्म: फिर बने 'नंबर-1' वनडे बैटर
रिकॉर्ड तोड़ने के जश्न के बीच एक और बड़ी खबर आईसीसी (ICC) मुख्यालय से आई। 14 जनवरी 2026 को जारी ताजा रैंकिंग में विराट कोहली को उनके हालिया प्रदर्शन का जबरदस्त इनाम मिला है।
बादशाहत कायम: किंग कोहली 4 साल के लंबे अंतराल के बाद एक बार फिर वनडे क्रिकेट के बादशाह बन गए हैं। वे आईसीसी वनडे बैटर्स रैंकिंग में पहले पायदान पर पहुंच गए हैं।
रोहित को पछाड़ा: इससे पहले भारतीय कप्तान रोहित शर्मा नंबर-1 की कुर्सी पर काबिज थे। लेकिन कोहली की लगातार अच्छी पारियों ने उन्हें पछाड़ दिया। कोहली ने आखिरी बार 2021 में नंबर-1 का टैग हासिल किया था। यह वापसी उनके आलोचकों के लिए करारा जवाब है जो उनके करियर के ढलान की बात कर रहे थे।
न्यूजीलैंड: कोहली का पसंदीदा शिकार
न्यूजीलैंड के खिलाफ कोहली का बल्ला हमेशा आग उगलता रहा है। चाहे घर हो या विदेशी धरती, कीवी गेंदबाजों के खिलाफ उनका औसत और स्ट्राइक रेट हमेशा बेहतर रहा है। राजकोट की सपाट पिच पर इस रिकॉर्ड का टूटना तय माना जा रहा था।
हमारी राय (The Trending People Analysis)
विराट कोहली का यह रिकॉर्ड और नंबर-1 रैंकिंग में वापसी यह साबित करती है कि 'फॉर्म इज टेंपररी, क्लास इज परमानेंट'। सचिन तेंदुलकर के रिकॉर्ड को तोड़ना किसी भी बल्लेबाज के लिए सबसे बड़ा सपना होता है, और कोहली ने इसे अपनी आदत बना लिया है।
The Trending People का विश्लेषण है कि 35 मैचों में 1750+ रन बनाना एक अद्भुत उपलब्धि है। यह दर्शाता है कि कोहली जब क्रीज पर होते हैं, तो वे केवल रन नहीं बनाते, बल्कि गेंदबाजों पर मानसिक दबाव भी बनाते हैं। 2027 वर्ल्ड कप से पहले कोहली का यह प्रचंड फॉर्म भारतीय टीम के लिए सबसे बड़ा सकारात्मक संकेत है। रिकी पोंटिंग का 1791 रनों का रिकॉर्ड भी अब ज्यादा दूर नहीं लगता।
