नेशनल डेस्क। टेक महिंद्रा ने वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही (जनवरी-मार्च) के नतीजे जारी किए हैं, जिसमें कंपनी का एकीकृत शुद्ध लाभ 16 प्रतिशत बढ़कर 1,353.8 करोड़ रुपये हो गया है। पिछले वित्त वर्ष 2024-25 की समान तिमाही में कंपनी का मुनाफा 1,166.7 करोड़ रुपये था।
कंपनी की परिचालन आय में भी मजबूत बढ़त दर्ज की गई है। समीक्षाधीन तिमाही में राजस्व 12.6 प्रतिशत बढ़कर 15,076.1 करोड़ रुपये पहुंच गया, जो एक साल पहले इसी अवधि में 13,384 करोड़ रुपये था। तिमाही आधार पर लाभ में 20.7 प्रतिशत और राजस्व में 4.7 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है।
पूरे वित्त वर्ष 2025-26 में टेक महिंद्रा का कुल लाभ 13.15 प्रतिशत बढ़कर 4,810.9 करोड़ रुपये हो गया, जबकि पिछले वर्ष यह 4,251.5 करोड़ रुपये था। वहीं, कंपनी की कुल परिचालन आय 7.2 प्रतिशत बढ़कर 56,815.4 करोड़ रुपये पहुंच गई।
कंपनी के सीईओ और प्रबंध निदेशक मोहित जोशी ने कहा कि कंपनी तेजी से एआई-आधारित संगठन बनने की दिशा में आगे बढ़ रही है। उन्होंने बताया कि सेवाओं में कृत्रिम मेधा (AI) को शामिल कर ग्राहकों को बेहतर समाधान देने पर जोर दिया जा रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि कंपनी अनुशासित विस्तार की रणनीति पर काम कर रही है और वित्त वर्ष 2026-27 के लक्ष्यों को हासिल करने के लिए तैयार है।
कंपनी के निदेशक मंडल ने 31 मार्च 2026 को समाप्त वित्त वर्ष के लिए 5 रुपये अंकित मूल्य वाले प्रत्येक शेयर पर 36 रुपये के अंतिम लाभांश की सिफारिश की है। यह नवंबर 2025 में दिए गए 15 रुपये प्रति शेयर के अंतरिम लाभांश के अतिरिक्त होगा।
हमारी राय में
टेक महिंद्रा के तिमाही नतीजे यह दिखाते हैं कि कंपनी ने बदलते टेक्नोलॉजी माहौल में खुद को तेजी से ढाल लिया है। खासकर एआई पर फोकस आने वाले समय में कंपनी को प्रतिस्पर्धा में आगे ले जा सकता है। मजबूत वित्तीय प्रदर्शन और आकर्षक डिविडेंड निवेशकों के भरोसे को और मजबूत करता है।
