कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी पत्नी डायना फॉक्स कार्नी के साथ चार दिवसीय भारत दौरे पर पहुंच गए हैं। बतौर प्रधानमंत्री यह उनका पहला भारत दौरा है, जिसे दोनों देशों के रिश्तों के लिए अहम माना जा रहा है। विदेश मंत्रालय के अनुसार कार्नी मुंबई पहुंचे, जहां महाराष्ट्र सरकार के प्रोटोकॉल और मार्केटिंग मंत्री जय कुमार रावल ने उनका स्वागत किया। मंत्रालय ने कहा कि यह दौरा साझा लोकतांत्रिक मूल्यों, लोगों के बीच संबंधों और बढ़ते आर्थिक सहयोग पर आधारित साझेदारी को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
कार्यक्रम के अनुसार 28 फरवरी को कार्नी मुंबई में एक कार्यक्रम में शामिल होंगे और 1 मार्च को नई दिल्ली पहुंचेंगे। 2 मार्च को सुबह विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर से मुलाकात के बाद हैदराबाद हाउस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ द्विपक्षीय वार्ता होगी। इसके बाद दोनों देशों के बीच समझौता ज्ञापनों का आदान-प्रदान और संयुक्त प्रेस बयान जारी किए जाएंगे। भारत मंडपम में आयोजित भारत-कनाडा सीईओ फोरम में दोनों नेता व्यापारिक सहयोग को आगे बढ़ाने पर चर्चा करेंगे, जिसके बाद कार्नी शाम को कनाडा रवाना होंगे।
दौरे के दौरान व्यापार और निवेश, ऊर्जा, महत्वपूर्ण खनिज, कृषि, शिक्षा, शोध, नवाचार और लोगों के बीच संपर्क जैसे प्रमुख क्षेत्रों में सहयोग की समीक्षा की जाएगी। दोनों नेता क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचार साझा करेंगे। विदेश मंत्रालय का कहना है कि यह यात्रा ऐसे समय हो रही है जब भारत-कनाडा संबंध सामान्य होने की दिशा में अहम मोड़ पर हैं और दोनों पक्ष संतुलित तथा रचनात्मक साझेदारी को आगे बढ़ाने पर सहमत हैं।
कनाडा प्रधानमंत्री कार्यालय के बयान में कहा गया कि दोनों देश व्यापार, ऊर्जा, प्रौद्योगिकी और एआई, प्रतिभा, संस्कृति और रक्षा जैसे क्षेत्रों में नई साझेदारियों पर ध्यान देंगे। कार्नी व्यापारिक नेताओं से मुलाकात कर निवेश अवसरों की पहचान भी करेंगे। कनाडा ने भारत को वैश्विक वाणिज्य और प्रौद्योगिकी में उभरती शक्ति बताया और कहा कि 2024 में भारत उसका सातवां सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार रहा, जबकि द्विपक्षीय व्यापार 30.8 अरब डॉलर तक पहुंच गया।
