ऑस्ट्रेलिया के तटों पर 'जaws' का खौफ—3 दिन में 4 हमलों से दहला न्यू साउथ वेल्स, सर्फबोर्ड बना ढाल तो किसी के कटे पैर, समंदर में जाने पर रोक
सिडनी/कैनबरा, दिनांक: 20 जनवरी 2026 — ऑस्ट्रेलिया के सबसे अधिक आबादी वाले राज्य न्यू साउथ वेल्स (New South Wales) के सुनहरे समुद्र तट, जो आमतौर पर सर्फर्स और पर्यटकों की हंसी-ठिठोली से गूंजते हैं, इन दिनों दहशत के सन्नाटे में डूबे हुए हैं। यहां के पानी में एक 'खूनी खेल' चल रहा है। पिछले 72 घंटों के भीतर, तट के पास शार्क हमलों (Shark Attacks) का एक ऐसा सिलसिला शुरू हुआ है जिसने स्थानीय प्रशासन और तैराकों की नींद उड़ा दी है।
मंगलवार सुबह एक और हमले की खबर के साथ ही यह आंकड़ा बीते तीन दिनों में चार तक पहुंच गया है। सिडनी के मशहूर समुद्र तटों से लेकर उत्तरी तटीय इलाकों तक, हर जगह 'शार्क सायरन' बज रहे हैं। अधिकारियों ने एहतियातन कई बीच (Beaches) बंद कर दिए हैं और लोगों को पानी से दूर रहने की सख्त चेतावनी दी है।
मंगलवार की सुबह: जब सर्फबोर्ड ने बचाई जान
ताजा घटना मंगलवार सुबह करीब 9 बजे पॉइंट प्लोमर (Point Plomer) इलाके में हुई। यहां एक 39 वर्षीय सर्फर लहरों का आनंद ले रहा था, तभी एक शार्क ने उस पर हमला कर दिया।
- किस्मत का साथ: प्रत्यक्षदर्शियों और अधिकारियों के अनुसार, शार्क ने सीधे सर्फर के बजाय उसके सर्फबोर्ड पर अपने जबड़े गड़ाए। बोर्ड ने हमले का अधिकांश असर झेल लिया, जिससे सर्फर को केवल मामूली कट लगे।
- बचाव: स्थानीय लोगों की मदद से वह किसी तरह खुद किनारे तक पहुंचा। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे छुट्टी दे दी गई। लेकिन इस घटना ने यह साबित कर दिया कि खतरा अभी टला नहीं है।
रविवार और सोमवार: सिडनी हार्बर में खौफनाक मंजर
इससे पहले के दो दिन और भी भयावह रहे। रविवार और सोमवार को सिडनी के अलग-अलग समुद्र तटों पर हुए हमलों ने स्थिति को गंभीर बना दिया था।
- 12 साल के बच्चे पर हमला: सबसे दिल दहला देने वाली घटना सिडनी हार्बर (Sydney Harbour) में हुई, जहां एक 12 वर्षीय लड़के को शार्क ने अपना निशाना बनाया। रिपोर्ट्स के मुताबिक, हमले में बच्चे के दोनों पैरों पर गंभीर चोटें आई हैं और सर्जरी की नौबत आ गई।
- मैनली में हमला: सोमवार शाम को मशहूर मैनली (Manly) इलाके में एक युवा सर्फर पर हमला हुआ, जिसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
- एक और बाल-बाल बचा: इसी दौरान एक अन्य किशोर का सर्फबोर्ड शार्क ने काट लिया, लेकिन गनीमत रही कि उसे शारीरिक चोट नहीं आई।
लगातार हो रहे इन हमलों ने सिडनी के तटीय जीवन को ठप कर दिया है।
क्यों आक्रामक हो रही हैं शार्क? (मटमैले पानी का खतरा)
विशेषज्ञों और अधिकारियों ने इन हमलों के पीछे एक वैज्ञानिक कारण बताया है।
बारिश और बाढ़: हाल ही में हुई भारी बारिश के कारण समुद्र का पानी मटमैला (Murky) हो गया है। नदियों से बहकर आया गाद और कचरा समुद्र में मिल गया है।
बुल शार्क का क्षेत्र: यह स्थिति बुल शार्क (Bull Sharks) के लिए आदर्श शिकारगाह होती है। मटमैले पानी में दृश्यता कम होने के कारण शार्क शिकार को ठीक से पहचान नहीं पाती और इंसान को सील या मछली समझकर हमला कर देती है। बुल शार्क अपने आक्रामक स्वभाव और उथले पानी में तैरने की क्षमता के लिए कुख्यात हैं।
प्रशासन का एक्शन: समुद्र बंद, पूल का करें इस्तेमाल
लगातार हमलों को देखते हुए न्यू साउथ वेल्स के उत्तरी तट और सिडनी के कई प्रमुख समुद्र तटों को अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया गया है।
निगरानी: समुद्र तटों पर इलेक्ट्रॉनिक ड्रमलाइन (SMART Drumlines) तैनात की गई हैं, जो शार्क को पकड़ने और टैग करने के बाद गहरे समुद्र में छोड़ने का काम करती हैं। साथ ही ड्रोन और हेलीकॉप्टर से भी निगरानी की जा रही है।
अपील: 'सर्फ लाइफ सेविंग न्यू साउथ वेल्स' ने एक एडवाइजरी जारी करते हुए लोगों से अपील की है, "फिलहाल समुद्र में न उतरें। तैराकी का शौक पूरा करने के लिए स्विमिंग पूल का ही इस्तेमाल करें। पानी साफ होने तक खतरा बना रहेगा।"
हमारी राय (The Trending People Analysis)
शार्क हमले ऑस्ट्रेलिया के तटीय जीवन का एक दुर्भाग्यपूर्ण हिस्सा रहे हैं, लेकिन इतनी कम अवधि में इतनी घटनाओं का होना असामान्य है। यह जलवायु परिवर्तन और मौसम के बदलते मिजाज का भी संकेत है।
The Trending People का विश्लेषण है कि प्रशासन को केवल बीच बंद करने तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि शार्क नेट (Shark Nets) की प्रभावशीलता की भी समीक्षा करनी चाहिए। पर्यटकों और स्थानीय लोगों को समझना होगा कि मटमैले पानी में सर्फिंग करना मौत को दावत देने जैसा है। प्रकृति के इशारों को समझना ही सुरक्षा की पहली सीढ़ी है।
